नए कृषि कानूनों के खिलाफ सपा ने निकाली ‘किसान जागरण यात्रा’

बहराइच: भाजपा सरकार के किसान विरोधी काले कानूनों के खिलाफ 30 नवंबर से देश के किसान राजधानी दिल्ली को घेरे हुए हैं। लेकिन सरकार किसानों की मांग मानने के बजाय उन पर कड़ाके की ठंड में पानी की बौछार आँसू गैस के गोले दाग रही है।

दूसरी और सरकारी धान केंद्रों पर बिचौलियों और भाजपा के नेताओं का धान खरीदा जा रहा है। आम किसान ओने पौने दाम पर धान बेच रहे हैं। गन्ना पेराई सत्र चालू है। लेकिन सरकार ने चीनी मिल मालिकों के दबाव में गन्ने का समर्थन मूल्य अभी तक घोषित नहीं किया है। और ना ही पिछले 13 सत्र का पूरा बकाया गन्ना मूल्य तय किया है।

नए कानून लागू होने से कृषि क्षेत्र में किसानों की नींद बर्बाद करती है और भाजपा सरकार साथ हाथ पर हाथ रखे बैठी हुई है। खेतों में पुआल अवशेष जलाने पर किसानों के साथ मुजरिम जैसा व्यवहार करके अवैध वसूली की जा रही है। किसानों को लूटा जा रहा है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष माननीय अखिलेश यादव जी ने नारा दिया है – किसानों की आन बचाओ और खेती किसानी बचाओ।

दिल्ली में किसान आंदोलन का पूरा समर्थन करते हुए यादव एडवोकेट पूर्व विधायक एवं पूर्व जिलाध्यक्ष समाजवादी पार्टी आज भारत बंद के विरोध में तहसील गेट पर धरना देकर यह बातें कहीं और उन्होंने अपना ज्ञापन एसडीम को सौंपा।