इस मुस्लिम महिला ने चार शादियों के खिलाफ उठायी आवाज़, कहा- दूसरी बीवी लानी है तो लिखित में लें पहली बीवी से इजाज़त, बनाये ये कानून

0
390
This Muslim woman raised her voice against four marriages, said - if you want to bring a second wife, then take permission from the first wife in writing, make this law

इस्लाम में चार शादिया जायज़ है और आप एक साथ चार बीविया रख सकते है लेकिन इसके लिए कई शर्ते है लेकिन कई मुसलमान पुरुष इस चीज़ का गलत फायदा उठाते है और एक बीवी के होते हुए दूसरी शादी कर लेते है लेकिन अब भारत से एक ऐसा मामला सामने आया है जो सुर्खियों में आ गया है।

दरअसल 28 वर्षीय मुस्लिम महिला ने एक अदालत में याचिका दाखिल की है, जिसमें उसके पति को उसकी लिखित सहमति के बिना दूसरी शादी करने से रोका जाना लिखा है जिसके बाद इस केस ने भारतीय मुसलमानों में बहुविवाह की प्रथा पर रौशनी डाली है।

विज्ञापन

इस महिला का नाम रेशमा है उसकी शादी हो चुकी है और उसे एक बच्चा भी है लेकिन अब उसने दिल्ली उच्च न्यायालय सरकार को द्विविवाह या बहुविवाह की “प्रतिगामी प्रथा” को विनियमित करने के लिए कानून बनाने के लिए याचिका दायर की है।

अदालत के दस्तावेजों के अनुसार, उसने जनवरी 2019 में मोहम्मद शोएब खान से शादी की और अगले साल नवंबर में, उन्हें एक बच्चा हुआ।
रेशमा ने अपने पति पर घरेलू हिंसा, क्रूरता, उत्पीड़न और दहेज की मांग का आरोप लगाया है।

वह यह भी कहती है कि उसने उसे और उनके बच्चे को छोड़ दिया है और वो दूसरी बीवी लाने की प्लानिंग कर रहा है जिसके चलते रेशमा ने ये कदम उठाया और उन मुसलमान औरतो के लिए आगे आयी जिनके साथ ऐसा होता रहता है।

अपने पति की इस कार्यवाही को उसने “असंवैधानिक, शरिया विरोधी, अवैध, मनमाना, कठोर, अमानवीय और बर्बर” बताते हुए कहा है की , “मुस्लिम महिलाओं की दुर्दशा को रोकने के लिए इस प्रथा को विनियमित करने की आवश्यकता है”।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here