कोरोना से ठीक हुए कादर शेख ने ऑफिस को बनाया कोविड अस्पताल, मुफ्त होगा इलाज

गुजरात के सूरत में कोरोना से ठीक हुए रियल एस्टेट बिजनेसमैन कादर शेख (63) ने अस्पताल से वापस लौटने के बाद अपने ऑफिस को कोविड अस्पताल बना दिया। उन्होने ये फैसला अपने इलाज के भारी-भरकम बिल को देखकर लिया। उनके इस अस्पताल में अब गरीबों का इलाज मुफ्त होगा।

कादर शेख के मुताबिक यहां गरीबों का इलाज फ्री में किया जायेगा। चाहे वो किसी भी जाति या धर्म का हो। अस्पताल में कुल 85 बेड हैं। शेख ने सूरत के अदजान इलाके में 15 आईसीयू बेड के साथ मेडिकल स्टाफ और उपकरण की आपूर्ति के लिए सूरत नगर निगम (एसएमसी) के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए।

सूरत के नगर आयुक्त बीएन पाणि और एसएमसी के उप स्वास्थ्य आयुक्त डॉ. आशीष नाइक ने परिसर का दौरा किया और प्रस्ताव को मंजूरी दी। मंगलवार को बुनियादी ढांचा तैयार होने के बाद एसएमसी स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने शेख की पोती के नाम पर बने हिबा अस्पताल का दौरा किया और व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया।

डॉ. नाइक ने कहा, ‘हमने परिसर को देखा है और इसे उचित पाया है। अगले कुछ दिनों में, अस्पताल न्यू सिविल अस्पताल और एसएमआईएमईआर अस्पताल से संदर्भित रोगियों के साथ काम करना शुरू कर देगा।’ इसमें गरीबों को ऑक्सीजन सुविधा मुफ्त में मिलेगी।

कादर शेख ने बताया, ‘ये अस्पताल सबके लिए है. इसमें न जाति, न पंथ और न धार्मिक भेदभाव होगा। मैं चांदी का चम्मच मुंह में लेकर पैदा नहीं हुआ था। मैं भी आर्थिक परेशानियां झेली हैं और कठिन परिश्रम किया है। अब मैं आर्थिक रूप से मजबूत हूं। इसलिए मैंने इस मुश्किल समय में जरूरतमंदों की तरफ मदद का हाथ बढ़ाने का निर्णय किया। मेरे तीनों बेटे हमेशा गरीबों की मदद करते हैं। अब लगता है कि मुझे कुछ और करना चाहिए। इसलिए मैंने ये अस्पताल बनाया।’