भारत की जीडीपी को लगेगा कोरोना का झटका, मूडीज ने कहा – 5.3 प्रतिशत रहेगी विकास दर

भारत की गिरती अर्थव्यवस्था को एक बार फिर से बड़ा झटका लगने वाला है। दरअसल, कोरोना संकट के चलते मूडीज इन्वेस्टर्स सर्विस ने भारत की जीडीपी ग्रोथ का अनुमान एक बार फिर घटा दिया है। मूडीज ने वर्ष 2020 के लिए भारत की जीडीपी ग्रोथ के अनुमान को घटाकर 5.3 फीसदी कर दिया है।

मूडीज ने पिछले महीने 5.4 फीसदी ग्रोथ रेट की संभावना जताई थी। इससे पहले 6.6 फीसदी का अनुमान था।  कोरोनो वायरस के अधिक तेजी से और व्यापक प्रसार के कारण महत्वपूर्ण आर्थिक गिरावट बताते हुए रेटिंग एजेंसी ने मंगलवार को कहा कि प्रभावित देशों में घरेलू मांग में कमी, माल और सेवाओं के सीमा पार व्यापार की आपूर्ति में बाधा पहुंच रही है।

एजेंसी ने कहा है कि जितनी लंबी अवधि तक कोरोनावायरस का असर रहेगा, उतनी ही वैश्विक मंदी की आशंका बनी रहेगी। हालांकि, एजेंसी ने 2021 में भारत की ग्रोथ रेट 5.8 फीसदी रहने की संभावना जताई है। मूडीज ने कहा है कि कोरानावायरस के कारण वैश्विक स्तर पर परिवहन, माल-ढुलाई और रेस्टोरेंट सेक्टर पर ज्यादा असर पड़ेगा।

मूडीज की ओर से जारी बयान में वाइस प्रेसीडेंट बेंजामिन नेल्सन ने कहा कि ट्रेड और लोगों के फ्री मूवमेंट से जुड़े कारोबार पर इसका सबसे ज्यादा प्रभाव पड़ेगा। इसमें पैसेंजर एयरलाइन, शिपिंग, लोडिंग सबसे ज्यादा प्रभावित होंगे। मूडीज के अनुसार, ग्लोबल ऑटोमेकर्स इस समय सबसे ज्यादा दबाव में हैं। इसका कारण यह है कि ये पूरी तरह से वैश्विक सप्लाई चेन पर निर्भर हैं। इसके अलावा कुछ क्षेत्रों में सप्लाई चेन बाधित होने के कारण गेमिंग और नॉन-फूड रिटेल कारोबार भी प्रभावित हुआ है।

मूडीज ने साल 2020 के लिए चीन की अर्थव्यवस्था की रफ्तार का अनुमान 5.2 फीसदी से घटाकर 4.8 फीसदी कर दिया है। वहीं अमेरिकी जीडीपी ग्रोथ रेट का अनुमान 1.7 फीसदी से घटकर 1.5 कर दिया है। मूडीज ने जी20 देशों की ग्रोथ रेट साल 2020 में 2.1 फीसदी की दर से बढ़ने का अनुमान जाहिर किया है, जो कि पहले की अनुमानित विकास दर से 0.3 फीसदी कम है।


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