Home मध्य प्रदेश वोटर्स को पैसा-शराब बांटने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सीएम शिवराज...

वोटर्स को पैसा-शराब बांटने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सीएम शिवराज को भेजा नोटिस

866
SHARE

मध्य प्रदेश में साल के आखिरी मे विधानसभा चुनाव होने है। लेकिन सुप्रीम कोर्ट के एक नोटिस ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की परेशानी बड़ा दी है। 2013 के विधानसभा चुनाव में आचार संहिता के उल्लंघन को लेकर ये नोटिस जारी कर दिया गया।

इंदौर ज़िले की महू विधानसभा सीट पर हुए चुनावों को लेकर सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए  मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय सहित अन्य सभी आरोपियों को नोटिस जारी कर चार सप्ताह में जवाब देने को कहा गया है।

मुस्लिम परिवार में शादीे करने के इच्छुक है तो अभी फोटो देखकर अपना जीवन साथी चुने (फ्री)- क्लिक करें 

कांग्रेस के उम्मीदवार अंतर सिंह दरबार की इस याचिका मे चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन सहित मतदाताओं को लुभाने शराब, पैसे और अन्य उपहार बांटने के गंभीर आरोप लगाए गए है। कोर्ट में दरबार की ओर से वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल और विवेक तन्खा सहित रघुवीर सिंह दरबार ने पैरवी की।

बता दें कि इससे पहले दरबार ने विजयवर्गीय के खिलाफ मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ में चुनावों के कुछ समय बाद 20 जनवरी 2014 को चुनाव याचिका दायर की थी। लेकिन सबूतों के अभाव में कोर्ट ने उसे खारिज कर दिया था और विजयवर्गीय की विधायकी बरकरार रखने के आदेश दिए थे।

चार मुद्दों को लेकर दायर की थी याचिका

– एक कार्यक्रम के दौरान विजयवर्गीय द्वारा मंच पर मेडल और ट्रॉफी बांटना।

– पेंशनपुरा में चुनाव प्रचार के दौरान आरती के बाद महिलाओं को नोट बांटना।

– चुनाव के दौरान वोटरों को शराब बांटना।

– सीएम शिवराज सिंह चौहान द्वारा मंच से मेट्रो को महू तक लाने और गरीबों को पट्टे देने की घोषणा करना।

Loading...