यूएई में अप्रैल फूल बनाना लोगों को साबित हुआ महंगा, एक साल के लिए……

यूएई ने एक अप्रेल को लोगों को मूर्ख बनाने के लिए “झूठी अफवाहें … और प्रैंक” फैलाने के खिलाफ लोगों को एक साल के लिए जे’ल भेजने की चेतावनी जारी की है। यूएई सरकार का मानना है कि यह “समाज को नुकसान पहुँचाता है।”

राज्य अभियोजक कार्यालय ने सोशल मीडिया प्लेटफार्मों के यूजर के खिलाफ अप्रैल फूल के लिए चेतवानी जारी करते हुए कहा कि “अफवाहें समाज को नकारात्मक रूप से प्रभावित करती हैं, सार्वजनिक हितों को नुकसान पहुंचाती हैं, नकारात्मक भावना फैलाती हैं और सार्वजनिक सुरक्षा को परेशान करती हैं। ऐसा करना दंड’नीय अप’राध है। जिसमे एक साल की अवधि के लिए कारा’वास हो सकता है।”

सरकारी समाचार एजेंसी डब्ल्यूएएम ने कहा, “यह किसी पर भी लागू होगा जो जानबूझकर झूठी या दुर्भावनापूर्ण समाचार, डेटा, या अफवाहें प्रसारित करता है या रोमांचक प्रचार प्रसारित करता है अगर यह सार्वजनिक रूप से परेशान करता है, लोगों के बीच आतं’क पैदा करता है, या सार्वजनिक हित को नुकसान पहुंचाता है।”

पब्लिक प्रॉसिक्यूशन ने आगे चे’तावनी दी कि का’नून के उल्लंघन के ऐसे सभी मामलों को संयुक्त अरब अमीरात के संघीय दं’ड संहिता के अनुच्छेद 198 के अनुसार निपटा जाएगा।

History.com के अनुसार, कुछ इतिहासकार अनुमान लगाते हैं कि अप्रैल फूल्स डे 1582 से पहले का है, जब फ्रांस ने जूलियन कैलेंडर से ग्रेगोरियन कैलेंडर को अपनाया था। जैसा कि 1563 में ट्रेंट की परिषद ने कहा था।