ईरान के प्रभाव को रोकने के लिए पाकिस्तान को तेल देने के लिए तैयार हुआ सऊदी अरब

पाकिस्तान को ‘हवा को साफ करने’ के लिए सऊदी अरब फिर से तेल सहायता शुरू करने पर सहमत हो गया है। फाइनेंशियल टाइम्स ने अपनी रिपोर्ट में ये जानकारी दी है।

कम से कम 1.5 बिलियन डॉलर सालाना की यह डील  अगले महीने शुरू होने वाली है और यह रियाद के इस्लामाबाद को ईरानी प्रभाव से दूर करने के दृढ़ संकल्प के बीच सामने आई है। रिपोर्ट में कहा गया है, “पाकिस्तान के साथ ऑइल डील की खबर ऐसे समय में सामने आई है कि जब सऊदी अरब ईरान के खिलाफ मोर्चा बनाने के लिए अमेरिका और कतर के साथ राजनयिक प्रयास शुरू कर रहा है।”

पिछले साल, रियाद ने मांग की थी कि कश्मीर के विशेष दर्जे में विवादास्पद संशोधन के बाद सऊदी के नेतृत्व वाले इस्लामिक सहयोग संगठन (OIC) द्वारा भारत पर दबाव बनाने के लिए पाकिस्तान को 3 बिलियन डॉलर का ऋण चुकाना होगा।

इसके अतिरिक्त, सऊदी के करीबी सहयोगी यूएई ने पाकिस्तानी मजदूरों को वर्क वीजा जारी करने पर प्रतिबंध लगा दिया था। हालांकि, पाकिस्तानी प्रधान मंत्री इमरान खान ने तनावपूर्ण संबंधों को फिर से स्थापित करने के प्रयास में पिछले महीने सऊदी अरब का दौरा किया। 

दूसरी और ईरान  अपने तेल निर्यात में तेजी से वृद्धि लाने वाला है, नए राष्ट्रपति इब्राहिम रायसी के आने से संयुक्त व्यापक कार्य योजना (JCPOA) को पुनर्जीवित किया जाने पर ज़ोर दिया जा रहा है।

प्रधान मंत्री खान ने शनिवार को रायसी को उनकी “ऐतिहासिक” जीत के लिए बधाई दी और कहा कि वह “हमारे भाईचारे के संबंधों को और मजबूत करने और क्षेत्रीय शांति, प्रगति और समृद्धि” के लिए उनके साथ काम करने के लिए तत्पर हैं।