अफगानिस्तान में फिर रूस और अमेरिका आमने-सामने, तालि’बान को भी दे डाली नसीहत

रूस ने संयुक्त राज्य अमेरिका को मध्य एशिया में अपनी सै’न्य सुविधाओं के संभावित स्थानांतरण के खिलाफ चेतावनी दी है। दरअसल, रूस का कहना है कि पेंटागन अफगानिस्तान से अमेरिकी सै’निकों की अंतिम वापसी को आगे बढ़ा रहा है।

अफगानिस्तान में रूसी राष्ट्रपति के दूत ज़मीर काबुलोव ने कहा कि वाशिंगटन अपनी सै’न्य सुविधाओं को मध्य एशिया में स्थानांतरित नहीं कर सकता है और न ही करना चाहिए। काबुलोव ने कहा, “हमने पहले ही वाशिंगटन को विभिन्न स्तरों पर इस तरह के संकेत भेजे हैं। मुझे उम्मीद है कि इसे सुना जाएगा।”

उन्होंने अफगान सरकार और तालि’बान से एक गठबंधन सरकार स्थापित करने का आग्रह करते हुए कहा कि “भविष्य की शक्ति संरचना के विन्यास और मापदंडों पर अंतिम निर्णय स्वयं अफगानों द्वारा किया जाना चाहिए।” तालि’बान और काबुल के बीच शांति वार्ता के बारे में काबुलोव ने कहा, हम निकट भविष्य में इसके अगले दौर के आयोजन से इंकार नहीं करते हैं

वहीं काबुल की राष्ट्रीय सुलह के लिए उच्च परिषद के प्रमुख अब्दुल्ला अब्दुल्ला, गुरुवार को सीएनएन को बताया, तालि’बान और काबुल के बीच शांति वार्ता, पिछले साल दोहा में एक यूएस-तालि’बान सौदे से सुगम हुई। लेकिन  “बहुत कम प्रगति” हुई या “बहुत धीमी गति से” हो रही।

इस हफ्ते, अमेरिकी सेना ने अफगानिस्तान में अपने सबसे बड़े बेस बगराम एयरफील्ड को खाली कर दिया, अंतिम वापसी को आगे बढ़ाते हुए पेंटागन ने कहा कि अगस्त के अंत तक पूरा हो जाएगा।