अबू धाबी की शेख जायद ग्रैंड मस्जिद में भारतीय मुअज्जिन, जो ऑनलाइन सिखाते है कुरान

अबू धाबी: अबू धाबी में शेख जायद ग्रैंड मस्जिद में अज़ान पढ़ने के लिए एक भारतीय मुअज्जिन को नियुक्त किया गया है। भारतीय मुअज्जिन ग्रैंड मस्जिद में नियुक्त किए गए सात अलग-अलग देशों से नियुक्त किए गए मुअज्जिन में से एक है।जिनका कार्य दिन में 5 बार अज़ान पढ़ना है।

उनमें से एक शेख अहमद नसीम, जो एकमात्र भारतीय मुअज्जिन हैं। वह YouTube वीडियो के माध्यम से पवित्र कुरान पढ़ना भी सिखाते है। शेख अहमद ने एक साक्षात्कार में गल्फ न्यूज को बताया, “पवित्र कुरान को ताजवीद के नियमों के साथ पढ़ा जाना चाहिए।”

ताजवीद से तात्पर्य कुरान पढ़ने के नियमों से है जिस तरह से कुरान के शब्दों का उच्चारण है। पढ़ने के दौरान उसका उच्चारण उसी तरह किया जाना चाहिए। उन्होंने समझाया, “पवित्र कुरान को सही ढंग से पढ़ना सभी मुसलमानों के लिए अनिवार्य है। भले ही वे अर्थ को समझे बिना अध्यायों का पाठ कर रहे हों, उन्हें लागू होने वाले नियमों और विशेषताओं के साथ हर अक्षर के सही उच्चारण का पालन करना चाहिए।”

“पवित्र कुरान का पाठ करने वाले विशेषज्ञों के कई वीडियो हैं। लेकिन मुझे ऐसा कोई भी नहीं मिला, जो सुनने वाले के होंठों की हरकतों को दिखाता हो। मुझे जो भी वीडियो ऑनलाइन मिले, उनमें केवल ऑडियो क्लिप थे जो तस्वीरों से जुड़े थे। कुरान के मूल संस्करण में शब्दों की ध्वन्यात्मकता को बेहतर तरीके से समझने के लिए लिप मूवमेंट को देखना महत्वपूर्ण है। ”

उनके चैनल ने कुरान के 114 अध्यायों को कवर किया है, जिसमें कई एपिसोड हैं और दसियों हजार बार देखा जा चुका है। वीडियो में कुरान के कुछ हिस्सों को लिखित रूप में पढ़ा जाता है, ताकि यह दर्शकों को पाठ और पढ़ने वाले के होंठों की हरकत दोनों को देखने में मदद कर सके।

शेख अहमद जो 10 साल से अधिक समय से शेख जायद ग्रैंड मस्जिद में हैं, ने कहा कि अबू धाबी में अवाक्फ (जनरल अथॉरिटी ऑफ इस्लामिक अफेयर्स एंड एंडोमेंट्स) द्वारा समर्थित पिछले साल लॉन्च किया गया प्रोजेक्ट काफी मेहनत का नतीजा था।