मुसीबत में ईरान ने भारत को ‘किसी भी प्रकार की सहायता’ देने का किया ऐलान

ईरान ने रविवार को CO’VID-19 के खिलाफ अपनी ल’ड़ाई में भारत की मदद करने की इच्छा व्यक्त की। ईरानी स्वास्थ्य मंत्री सईद नमाकी ने रविवार को अपने भारतीय समकक्ष हर्षवर्धन को पत्र लिखा हर संभव मदद देने की बात कही। उन्होने कहा, ईरान “कोरो’ना की नई लहर पर लगाम लगाने के लिए आवश्यक किसी भी प्रकार की सहायता के साथ भारत को आपूर्ति करने के लिए तैयार है।”

उन्होने पत्र में लिखा, “भारत एक COV’ID-19 सुनामी का सामना कर रहा है, जिसने देश की स्वास्थ्य प्रणाली को ध्वस्त कर दिया है।” उन्होंने कहा कि मौजूदा कोरो’नोवाय’रस महा’मारी से निपटने के लिए असंभव होगा जो सभी देशों से सहानुभूति, सहयोग और सहायता के बिना स्वास्थ्य प्रणाली को चुनौती देती है, साथ ही चिकित्सा सहायता रोकथाम, निदान और उपचार की सभी प्रभावी साधनों की उचित डिलीवरी की जरूरत है।

‘सरकार और ईरान के लोग इन कठिन दिनों में और COV’ID-19 महा’मारी के साथ भारत के प्रिय नागरिकों की दुर्दशा की ऊंचाई पर हर तरह की तकनीकी सहायता, विशेषज्ञता और उपकरण भेजने के लिए तैयार हैं।’ ईरानी मंत्री ने स्वास्थ्य संकट से निपटने के लिए वैश्विक रूप से सक्रिय सहायता प्रदान करने के लिए अंतरराष्ट्रीय और गैर-सरकारी संगठनों के राजनीतिक, विशेषज्ञ और आर्थिक समर्थन का आग्रह किया।

देश ने एकजुटता व्यक्त करते हुए और समर्थन का वादा करते हुए कहा कि ईरान को कठिन मनमानी प्रतिबंधों के तहत दवा, वैक्सीन और अन्य चिकित्सा उपकरणों की जरूरतों को पूरा करने में कठिनाई हुई है, यह भारत द्वारा तकनीकी और चिकित्सा सहायता के लिए साथ खड़ा है।

नामकी ने कहा कि इस्लामी गणतंत्र स्वदेशी ज्ञान और ईरानी वैज्ञानिकों के जरिये संकट से उबरने में सक्षम है। पिछले साल, जब ईरान अमेरिकी प्रतिबंधों से जूझ रहा था तो राष्ट्रपति हसन रूहानी ने चिकित्सा लागतों के निर्वाह के लिए समन्वित क्षेत्रीय और अंतर्राष्ट्रीय सहयोग के लिए भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखा था।