नाटो बैठक से पहले एर्दोगन ने तुर्की-अमेरिका रिश्तों को लेकर दी बड़ी सलाह

तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तईप एर्दोगन ने कहा है कि उन्हें और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बिडेन को सोमवार की बैठक का उपयोग पिछली परेशानियों को पीछे छोड़ आगे बढ़ने के लिए करना चाहिए, जिसमें तुर्की द्वारा रूसी एस -400 मि’साइलों की खरीद पर विवाद भी शामिल है।

नाटो शिखर सम्मेलन के लिए ब्रसेल्स की यात्रा करने से पहले एर्दोगन नेइस्तांबुल के अतातुर्क हवाई अड्डे पर कहा कि अमेरिका को परेशानियों को दूर करने और आगे बढ़ने के तरीकों को देखने की जरूरत है।

उन्होने कहा, “हमें तुर्की-अमेरिका संबंधों को पहली बार टेबल पर रखना होगा। आंतरिक और बाहरी रूप से बहुत अफवाह थी, इसलिए हमें इस बारे में बात करने की ज़रूरत है कि हम इन परेशानियों को कैसे पीछे छोड़ सकते हैं, हम क्या कर सकते हैं, और हम क्या करेंगे ।”

एर्दोगन ने कहा कि नाटो शिखर सम्मेलन से इतर अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन के साथ उनकी बैठक के दौरान द्विपक्षीय संबंधों सहित कई मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। उन्होंने कहा कि हालांकि तुर्की एफ-35 जेट की खरीद के अपने वादे को पूरा करता है, लेकिन अमेरिका ऐसा करने में विफल रहा।

2019 में, वाशिंगटन ने घोषणा की कि वह अंकारा द्वारा रूसी S-400 मिसा’इल रक्षा प्रणाली की खरीद पर तुर्की को F-35 स्टील्थ फा’इटर जेट कार्यक्रम से बाहर कर रहा है।