Home ताज़ा खबर सहारनपुर में मायावती के जाने के बाद भड़की हिंसा, दलित ठाकुरों के...

सहारनपुर में मायावती के जाने के बाद भड़की हिंसा, दलित ठाकुरों के बीच संघर्ष में दो लोगो की मौत, कई घरो को लगाई गयी आग

45
SHARE

सहारनपुर | पिछले एक महीने से सहारनपुर जातीय संघर्ष की आग में झुलस रहा है. जिसमे कई लोगो को अपनी जान से हाथ धोना पड़ा है. करीब एक महीने पहले सुलगी यह आग थमने का नाम नही ले रही है. मंगलवार को बसपा सुप्रीमो मायावती ने सहारनपुर का दौरा कर मामले की गंभीरता को जानने की कोशिश की. इस दौरान उन्होंने पूरी घटना के लिए कानून व्यवस्था और योगी सरकार को जिम्मेदार ठहराया.

मंगलवार को सहारनपुर के गाँव शब्बीरपुर में मायावती का दौरा प्रस्तावित था. करीब 12.30 के कार्यक्रम में मायवती साढ़े तीन बजे पहुंची. लेकिन उनके कार्यक्रम से पहले और बाद में एक जाति विशेष के लोगो ने बसपा कार्यकर्ताओं पर हमला बोल दिया जिसमे दो लोगो की मौत हो गयी और करीब छह लोग घायल हो गए. हमले की सूचना मिलते ही शब्बीरपुर गाँव में दोबारा हिंसा फ़ैल गयी.

मिली जानकारी के अनुसार मायावती के जाने के बाद उनके कार्यक्रम से लौट रही एक गाड़ी पर चंदनपुर गाँव के पास हमला किया गया. इसमें सरसावा के धीरेन्द्र के धीरेन्द्र को गोली मार दी गयी एवं अन्य लोगो को भी तलवार से हमला कर घायल कर दिया गया. उधर अम्बेहटा चाँद गाँव के पास भी आशीष और सचिन पर हमला किया गया. इसमें आशीष की गोली लगने से मौत हो गई जबकि सचिन गंभीर रूप से घायल है.

दरअसल मायवती के कार्यक्रम में पहुँचने से पहले करीब 2 बजे शब्बीरपुर गाँव में शोर मच गया. इसके बाद जाति विशेष के लोग दलित बस्ती की और लाठी डंडे लेकर जाने लगे. लेकिन पुलिस ने इनको रास्ते में ही रोक दिया. इसी बीच गाँव में आगजनी की घटना हो गयी. करीब 20 घरो को आग लगाई गयी. यही नही पूर्व प्रधान ओमप्रकाश के घर को भी निशाना बनाया गया .

आगजनी की घटना का आरोप भीम आर्मी पर लग रहा है. एक जाति विशेष के लोगो का कहना है की हमें बदनाम करने के लिए भीम आर्मी ने घरो को आग लगाई है. डीएम और एसएसपी गाँव में पहुँच चुके है. वहां भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. उधर घायल लोगो का इलाज सरसावा के अस्पताल में चल रहा है. वहां दोनों मृतको के परिजन और काफी संख्या में लोग मौजूद है और हंगामा कर रहे है. फ़िलहाल बडगाँव और नानौता के बाजार बंद कर दिए गए है.